मऊ। नेपाल द्वारा पानी छोड़े जाने के बाद घाघरा नदी के जलस्तर में हो रही लगातार वृद्धि से जनपद मधुबन तहसील के धर्मपुर विशुनपुर में मोहन सेतु के समीप भीषण कटान शुरू हो गया है। कटान की सूचना मिलते ही पूर्व विधायक उमेश चंद पांडेय बुधवार को मौके पर पहुंचे और निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बाढ़ पीड़ितों से संवाद किया और उनकी समस्याएं सुनीं।
घाघरा का जलस्तर बढ़ते ही धर्मपुर विशुनपुर में मोहन सेतु के पास नदी तेजी से किनारे को काट रही है। पिछले 24 घंटे में कई बीघा खेत नदी में समा चुके हैं। कटान सेतु के करीब पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत है। लोगों को डर है कि यदि समय रहते कटान नहीं रोका गया तो देवरांचल की कृषि योग्य भूमि को खतरा है।
मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बताया कि हर साल बरसात में यही स्थिति होती है, लेकिन सिंचाई विभाग द्वारा कोई स्थाई उपाय नहीं किया जाता। केवल खानापूर्ति के लिए बोरियों में मिट्टी भरकर डाल दिए जाते हैं, जो पानी के तेज बहाव में बह जाते हैं।
निरीक्षण के दौरान पीड़ितों ने पूर्व विधायक उमेश चंद पांडेय से संवाद करते हुए अपनी प्रमुख समस्या बताई। ग्रामीणों ने कहा कि नदी का जलस्तर बढ़ने से उनका बरहज बाजार से संपर्क टूट गया है। वर्तमान में केवल एक नाव चल रही हैं, जो पर्याप्त नहीं हैं। उन्होंने बरहज बाजार जाने के लिए नावों की संख्या बढ़ाने की मांग की, ताकि बच्चों की पढ़ाई और रोजमर्रा की जरूरतों के लिए बाजार आना-जाना हो सके।
साथ ही पीड़ितों ने सिंचाई विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवालिया निशान लगाया। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग के अधिकारी मौके पर आते ही नहीं हैं। कटान रोकने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। बाढ़ के नाम पर केवल कागजी कार्रवाई हो रही है।
पीड़ितों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए पूर्व विधायक उमेश चंद पांडेय ने मौके से ही उच्च अधिकारियों और उप जिलाधिकारी मधुबन दीपक सिंह से फोन पर वार्ता की। उन्होंने एसडीएम को कटान की स्थिति से अवगत कराते हुए तत्काल प्रभाव से कटान रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाने और पीड़ितों के लिए नाव की व्यवस्था बढ़ाने का निर्देश देने की मांग की।
पूर्व विधायक ने कहा कि धर्मपुर विशुनपुर देवांचल का सबसे संवेदनशील क्षेत्र है। हर साल यहां के लोगों को बाढ़ और कटान का दंश झेलना पड़ता है। इस समस्या के निस्तारण के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर अवगत कराने की बात कहां।










