Home मऊ एन्टी करप्शन टीम के खिलाफ लेखपाल संघ का धरना

एन्टी करप्शन टीम के खिलाफ लेखपाल संघ का धरना

0 अयोध्या की सोहावल तहसील में लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई का मामला, उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने एसीओ/एंटी करप्शन टीम की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल।

अयोध्या। जनपद के सोहावल तहसील में लेखपाल के खिलाफ की गई कार्रवाई को लेकर उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। संघ का आरोप है कि कई मामलों में ट्रैप कार्रवाई से पहले शिकायत की सत्यता, शिकायतकर्ता की पृष्ठभूमि और संबंधित लेखपाल की वास्तविक भूमिका की पर्याप्त जांच नहीं की जाती। संघ की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि 20 अगस्त 2026 को तहसील सोहावल में लेखपाल उत्कर्षपति के साथ हुई घटना** के बाद लेखपाल संवर्ग में आक्रोश है। पत्र के अनुसार उपलब्ध CCTV फुटेज, वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों को भी जांच में शामिल किए जाने की मांग की गई है। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि भविष्य में किसी लेखपाल के खिलाफ ट्रैप कार्रवाई से पहले शिकायत की सत्यता, शिकायतकर्ता की पृष्ठभूमि, रंजिश और शिकायत के उद्देश्य की विस्तृत जांच अनिवार्य की जाए। संघ ने कहा कि केवल मौखिक आरोप या सामान्य शिकायत के आधार पर कार्रवाई करने से निर्दोष कर्मचारियों के उत्पीड़न की आशंका बनी रहती है। संघ ने यह भी मांग की कि यदि शिकायतकर्ता द्वारा किसी अवैध अथवा नियमविरुद्ध कार्य के लिए लेखपाल पर दबाव बनाए जाने की बात सामने आती है, तो उसकी भी निष्पक्ष जांच हो। वहीं, फर्जी या दुर्भावनापूर्ण शिकायत प्रमाणित होने पर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। पत्र में दावा किया गया है कि घटना के विरोध में प्रदेश के सभी 075 जनपदों, 351 तहसीलों और थाना दिवस का बहिष्कार करते हुए लेखपालों ने एक दिवसीय कलम बंद हड़ताल एवं धरना-प्रदर्शन किया। संघ ने इसे लेखपालों की सुरक्षा और निष्पक्ष कार्यप्रणाली से जुड़ा गंभीर विषय बताया है।

0 लेखपाल संघ ने मुख्यमंत्री के समक्ष प्रमुख रूप से तीन मांगें रखी हैं…

1. सोहावल प्रकरण की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच** कराई जाए और यदि लेखपाल को षड्यंत्रपूर्वक फंसाया जाना प्रमाणित हो तो न्यायिक राहत दी जाए।
2. ट्रैप कार्रवाई से पूर्व अनिवार्य जांच** की व्यवस्था की जाए, ताकि फर्जी या दुर्भावनापूर्ण शिकायतों के आधार पर कार्रवाई न हो।
3. एसीओ/विजिलेंस टीम के लिए स्पष्ट एवं कड़े एसओपी (Standard Operating Procedure)** जारी किए जाएं, जिससे ट्रैप कार्रवाई निर्धारित प्रक्रिया और निष्पक्ष मानकों के अनुरूप हो।

0 ‘ईमानदारी से काम करने वाले कर्मचारियों में भय का माहौल’…

संघ का कहना है कि लेखपाल राजस्व विभाग की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और गांवों में शासन की योजनाओं को पहुंचाने के साथ भूमि संबंधी विवादों एवं राजस्व कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। संघ ने कहा कि यदि ईमानदारी से कार्य करने वाले कर्मचारियों के मन में भी ट्रैप कार्रवाई का भय बना रहेगा तो वे निष्पक्ष एवं प्रभावी ढंग से काम नहीं कर पाएंगे। संघ ने मुख्यमंत्री से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई और निर्दोष लेखपाल को न्याय दिलाने की मांग की है।

Author Profile

पवन कुमार पाण्डेय
पवन कुमार पाण्डेय
प्रधान सम्पादक

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here