मऊ । जनपद के दरगाह स्थित सूफ़ी-संत सैयद मीरा शाह बाबा के मजार पर गुरुवार को मेला का आयोजन किया गया। यहां हर साल गंगा दशहरा स्नान के ठीक बाद लगातार 7 गुरुवार को लगने वाले मेला के क्रम का यह चौथा मेला था। सुबह से ही कड़ाके की तेज धूप खिली रही, तापमान भी 40 डिग्री के पार रहा। बावजूद इसके बाबा के प्रति आस्था रखने वाले श्रद्धालुओं की श्रद्धा में कोई कमी नहीं देखी गयी। सुबह से ही बड़ी संख्या में जयरीनों के आने का सिलसिला जो शुरू हुआ वह देर शाम तक जारी रहा। कई श्रद्धालु अपनी मुरादे पूरी होने पर गाजे-बाजे के साथ बाबा के दरबार में पहुंचे। बाबा की चौखट पर अपने शीश को झुका अपने एवं अपने परिवार के लिए सुख समृद्धि की कामना की। मजार स्थल के बाहर लगे मेला में महिलाओं एवं बच्चों ने जम कर खरीदारी की। अपने अभिभावकों संग आये बच्चों ने विभिन्न प्रकार के झूलों का आनंद उठाया। बाबा के प्रसाद के रूप में प्रसिद्ध कटहल एवं खजला की भी अच्छी बिक्री हुई। मेला कमेटी के अध्यक्ष सैयद सभी अहमद ने बताया कि बीते 28 मई से मेला की शुरुआत हुई है। 25 जून को ऐतिहासिक 5वीं बराम के मेला का आयोजन होगा। यहां आयोजित होने वाले कुल सात मेलों में पांचवी, छठवीं और सातवीं मेला की विशेष अहमियत है। इसमें देश के कोने-कोने से श्रद्धालू आते हैं और हजारों की भीड़ इकट्ठा होती है। यह मजार आज लगभग 500 सालों से हिंदू मुस्लिम एकता का प्रतीक बना हुआ है। मेला को कुशल संपन्न कराने के लिए आए यहां पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती रही। मेला स्थल पर जगह-जगह पुलिस के जवान तैनात नजर आये। मजार कमेटी के वॉलिंटियर्स भी मेले में आए लोगों की सहायता में जुटे रहे।












