0 कैंप लगाकर श्रमिकों का पंजीकरण बढ़ाने तथा उनके नवीनीकरण पर विशेष जोर देने के दिए निर्देश…
मऊ। जिलाधिकारी आनन्द वर्धन की अध्यक्षता में समाज कल्याण, दिव्यांगजन सशक्तिकरण, पिछड़ा वर्ग कल्याण, अल्पसंख्यक कल्याण एवं श्रम विभाग द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा बैठक कल देर शाम कैंप कार्यालय स्थित सभागार में संपन्न हुई।बैठक में विभागवार योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
समाज कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत प्राप्त 162 आवेदनों के सत्यापन कार्य को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिए। राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना की समीक्षा के दौरान जिला समाज कल्याण अधिकारी ने अवगत कराया कि 377 लाभार्थियों के आवेदन स्वीकृत हैं, किंतु बजट प्राप्त न होने के कारण भुगतान लंबित है। उन्होंने बताया कि बजट प्राप्त होते ही धनराशि का वितरण कराया जाएगा।
राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना की समीक्षा के दौरान 87,160 लाभार्थियों के सापेक्ष 37,732 सत्यापन लंबित पाए जाने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए 10 जून तक समस्त सत्यापन कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार उत्पीड़न योजना की समीक्षा के दौरान उन्होंने पिछले 4-5 वर्षों के प्रकरणों की समीक्षा कर उनकी वर्तमान स्थिति का विश्लेषण करने तथा मामलों की वास्तविक स्थिति का परीक्षण कराने के निर्देश दिए।
शादी अनुदान योजना की समीक्षा के दौरान 37 आवेदन लंबित पाए जाने पर तत्काल सत्यापन एवं निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही छात्रवृत्ति योजना एवं मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना की भी समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए गए।
दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग की समीक्षा के दौरान दिव्यांग शादी-विवाह प्रोत्साहन पुरस्कार योजना में अब तक मात्र दो आवेदन प्राप्त होने पर जिलाधिकारी ने योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार कर अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजनों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने दिव्यांग पेंशन एवं कुष्ठावस्था पेंशन योजनाओं की भी समीक्षा की।
दुकान निर्माण संचालन/ ऋण योजना की समीक्षा के दौरान लक्ष्य 14 के सापेक्ष केवल 4 लाभार्थियों के आवेदन अग्रसारित पाए जाने पर जिलाधिकारी ने लक्ष्य को शीघ्र पूर्ण करने हेतु आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण वितरण तथा कॉक्लियर इंप्लांट योजना की भी समीक्षा करते हुए जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी को आवश्यक निर्देश दिए गए।
पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान पिछड़ी जाति शादी अनुदान योजना में प्राप्त 280 आवेदनों के सापेक्ष एसडीएम एवं बीडीओ स्तर पर मात्र 89 आवेदनों के सत्यापन की स्थिति पाए जाने पर जिलाधिकारी ने लंबित आवेदनों का शीघ्र सत्यापन पूर्ण कराने के निर्देश दिए। छात्रवृत्ति योजना की भी समीक्षा की गई।
अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान छात्रवृत्ति योजना, प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम सहित अन्य योजनाओं की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की समीक्षा के दौरान अभी तक मात्र 39 इकाइयों के पंजीकरण पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने अधिक से अधिक इकाइयों के पंजीकरण कराने को कहा। इसके अलावा कन्या विवाह सहायता योजना में भी अधिक से अधिक पात्र लाभार्थियों को लाभान्वित करने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिए। श्रमिकों के पंजीकरण एवं उनके नवीनीकरण हेतु भी ब्लॉक वार कैंप लगाकर कार्य करने के निर्देश उन्होंने दिए। जिलाधिकारी ने सर्राफा एसोसिएशन एवं व्यापार मंडल के साथ बैठक कर वहां पर कार्यरत श्रमिकों का पंजीकरण कराने तथा जिन भी योजनाओं हेतु पात्र हो उनका लाभ दिलाने के निर्देश दिए। इसके अलावा विभिन्न निर्माण कार्यों से जुड़ी कार्यदाई संस्थाओं एवं ठेकेदारों से भी संपर्क कर श्रमिकों का पंजीकरण करने के निर्देश उन्होंने दिए, जिससे श्रम विभाग द्वारा संचालित योजनाओं से अधिक से अधिक श्रमिकों लाभान्वित किया जा सके।
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने में इन विभागों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने निर्देश दिए कि निर्धारित लक्ष्य से अधिक पात्र व्यक्तियों को योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। आवश्यकतानुसार ब्लॉक स्तर पर रोस्टरवार शिविर आयोजित कर योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी श्री विवेक श्रीवास्तव, जिला समाज कल्याण अधिकारी अनुज कुमार सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।












